पुलिस कप्तान से शिकायत के बाद पीड़िता के घर पुलिस ने मचाया तांडव

by nikhil

कौशांबी :- मंझनपुर कोतवाली पुलिस इस कदर बेलगाम हो गई है कि सोमवार के दिन मंझनपुर कोतवाली के निरीक्षक अभिषेक राय द्वारा देवखरपुर गांव की रन्नो देवी के घर उनके निर्माण को रोकने की झूठी शिकायत पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने बिना जांच पड़ताल किए भू स्वामी और उनके परिजनों को मारपीट कर एंड्राइड मोबाइल फोन छीन लिया इस मामले की शिकायत मंगलवार को भुक्तभोगी रन्नो देवी ने अपर पुलिस अधीक्षक से करने के बाद न्याय मांगा।



मोबाइल फोन छीनने वाले इंस्पेक्टर को यह बात खराब लगी और पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत के बाद वह आपे से बाहर हो गए और देवखर पुर गांव भारी फोर्स के साथ वह पहुंच गए वहां पर जो राजगीर लगा था उसे और रन्नो देवी के बेटे को बेरहमी से लाठियों से पुलिस ने पीटा है मंझनपुर कोतवाली के इंस्पेक्टर अभिषेक राय का यह कारनामा एक बार फिर ब्रिटिश पीरियड की पुलिसिया आतंक की याद दिलाती है।



जहां सोमवार को मंझनपुर कोतवाली पुलिस ने रन्नो देवी और उसके बेटे को पीटा था और मोबाइल छीना था वही दूसरे दिन मंगलवार को फिर रन्नो देवी के बेटे उसके घर में लगे राजगीर को पुलिस ने बेरहमी से पीट दिया है अब सवाल उठता है कि मंझनपुर कोतवाली पुलिस के आतंक अत्याचार जुल्म की शिकायत करना आला अधिकारियों से क्या गुनाह है यदि आला अधिकारियों से मंझनपुर कोतवाली पुलिस की शिकायत करना गुनाह है।

तो फिर फरियादी न्याय किससे मांगेगा और यदि कोतवाली पुलिस बेलगाम है तो उस पर आला अधिकारी मुकदमा दर्ज करा कर उसे निलंबित कर कार्यवाही करेंगे या फिर आम जनता का उत्पीड़न योगीराज में होता रहेगा और उनके माननीय आम जनता का उत्पीड़न पर चुप्पी साधे बैठे रहेंगे बड़ा सवाल है।



रिपोर्ट श्रीकान्त यादव

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