कौशाम्बी। सरकारी कार्यालयों की भी स्थिति बेहद खराब है ड्यूटी करने के बजाय कार्यालय में पूरे दिन खर्राटे मारने का पैसा उन्हें सरकार के खजाने से मिलता है। ड्यूटी के प्रति लापरवाह बने कर्मचारियों की वेतन कटौती का प्रयास आला अधिकारी नहीं करते हैं जिससे अब यह उनकी दिनचर्या बन गई है। सुबह घर से आना और कार्यालय आते ही सो जाना आम जनता फरियादियों को डांट कर भगा देना दिनचर्या बन चुकी है।

ताजा मामला चायल विकासखंड के एक महिला कर्मचारी का है यह महिला कर्मचारी पूरे दिन कार्यालय में समय व्यतीत करती हैं लेकिन अधिकारी मेहरबान है और उसे बिना ड्यूटी वेतन मिल रहा है। लोगों ने इस महिला कर्मचारी के कारनामों की ओर आला अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराया है।

रिपोर्ट श्रीकान्त यादव