बुधवार को नीलामी में आए कपास के 215 वाहन एवं 32 बैलगाड़ी

बुधवार को नीलामी में आए कपास के 215 वाहन एवं 32 बैलगाड़ी

खरगोन। स्थानीय कपास मंडी में बुधवार को कपास के 215 वाहन एवं 32 बैलगाड़ी नीलामी के लिए आई। खरगोन मंडी सचिव रामवीर किरार ने बताया कि बुधवार को कपास का अधिकतम भाव 5725, न्यूनतम भाव 3800 व औसत भाव 4700 रहा। इसके अलावा खरगोन अनाज मंडी में गेंहू का अधिकतम भाव 1756, न्यूनतम भाव 1550


खरगोन। स्थानीय कपास मंडी में बुधवार को कपास के 215 वाहन एवं 32 बैलगाड़ी नीलामी के लिए आई। खरगोन मंडी सचिव रामवीर किरार ने बताया कि बुधवार को कपास का अधिकतम भाव 5725, न्यूनतम भाव 3800 व औसत भाव 4700 रहा। इसके अलावा खरगोन अनाज मंडी में गेंहू का अधिकतम भाव 1756, न्यूनतम भाव 1550 व औसत भाव 1630 रहा। वहीं ज्वार का अधिकतम भाव 1175, न्यूनतम भाव 1170 व औसत भाव 1175 रहा। जबकि मक्का का अधिकतम भाव 1336, न्यूनतम भाव 1250 व भाव 1280, तुअर का अधिकतम भाव 5571, न्यूनतम भाव 5456 व औसत भाव 5571 तथा सोयाबीन का अधिकतम भाव 4380, न्यूनतम भाव 3855 व औसत भाव 4160 रहा।

सीसीआई शुक्रवार व शनिवार नहीं खरीदेगा कपास

भारतीय कपास निगम (सीसीआई) द्वारा खरीदी की मात्रा अत्यधिक होने से जिनिंग फेक्ट्रियों में कपास का अधिक स्टॉक हो जाने तथा मौसम खराब होने से शुक्रवार व शनिवार को कपास की खरीदी नहीं की जाएगी। खरगोन मंडी सचिव रामवीर किरार ने बताया कि सीसीआई द्वारा इस संबंध में आवेदन प्रस्तुत करते हुए कहा कि आनंद नगर स्थित कपास मंडी में उनके द्वारा शुक्रवार व शनिवार को कपास की खरीदी नहीं की जाएगी।

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कृषि महासम्मेलन कार्यक्रम का सीधा प्रसारण गांवों में भी होगा

शुक्रवार 18 दिसंबर को प्रातः 11 बजे से कृषि महासम्मेलन का आयोजन मुख्यमंत्री श्री शिवराजसिंह चौहान की उपस्थिति में आयोजित होगा। इस कार्यक्रम का सीधा प्रसारण भी किया जाएगा। इस कार्यक्रम के सीधे प्रसारण को प्रदेश की सभी ग्राम पंचायत भवन एवं ग्राम में व्यवस्था करने एवं इसके लिए ग्रामवार अधिकारियों की ड्यूटी लगाने के निर्देश पंचायत राज की संयुक्त संचालक शिवानी वर्मा ने सभी जिला एवं जनपद पंचायतों के सीईओ को दिए है। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत कार्यालयों में उपलब्ध टीवी व कम्प्यूटर में कार्यक्रम देखने के लिए समुचित व्यवस्था करें, ताकि ग्रामीणजन उपस्थित होकर सुविधापूर्वक कार्यक्रम देख सके। इस कार्यक्रम का प्रचार-प्रसार ग्रामों में डोंडी पिटवाकर एवं सोशल मीडिया के माध्यम से किया जाएं।

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