बहू को जलाकर मारने वाली सास को हुई उम्र कैद की सजा और लगा जुर्माना

बहू को जलाकर मारने वाली सास को हुई उम्र कैद की सजा और लगा जुर्माना

सागर : अपने सास बहू की तकरार टीवी सीरियल से लेकर गली मोहल्लों तक देखी होगी। लेकिन आज हम आपको एक ऐसी कलयुगी सास की कहानी बताएंगे, जिसने अपनी बहू के साथ कुछ ऐसा किया जिससे उस को उम्र कैद की सजा हो गई। मिली जानकारी के अनुसार आपको बता दें कि बहू को जिंदा

सागर : अपने सास बहू की तकरार टीवी सीरियल से लेकर गली मोहल्लों तक देखी होगी। लेकिन आज हम आपको एक ऐसी कलयुगी सास की कहानी बताएंगे, जिसने अपनी बहू के साथ कुछ ऐसा किया जिससे उस को उम्र कैद की सजा हो गई।

मिली जानकारी के अनुसार आपको बता दें कि बहू को जिंदा जलाकर मारने वाली सास को अपर सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायालय तनवीर अहमद खान के न्यायालय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने आरोपित पर जुर्माना भी लगाया है।

Also Read शांतिपूर्ण माहौल में मनाए मोहर्रम अनुमंडल पदाधिकारी

लगभग एक दशक बाद सास को हुई उम्र कैद

मामले में शासन की ओर से पैरवी कर रहे लोक अभियोजक जितेंद्र राठौर द्वारा जानकारी देते हुए बताया गया कि बीते लगभग एक दशक पूर्व 23 दिसंबर 2010 को आहत सवली पत्नी कलीम ख़ान उम्र 18 वर्ष निवासी सुरखी के आग से जल जाने का मेमो प्राप्त हुआ। मेमो की जांच के दौरान थाना सुरखी द्वारा आहत के माता-पिता, चाचा के कथन लिए गए व आहत सवली के भी मरणासन्ना कथन सक्षम अधिकारी के समक्ष कराए गए। मामले की पड़ताल में प्रथम दृश्य पीड़िता के पति सास,ससुर, ननद द्वारा प्रताड़ित करना व जान से मारने की कोशिश करना पाया गया। पीड़िता के बयान के बाद अभियुक्तों के विरुद्ध धारा 498ए, 307, 34 भा.दं.वि के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया। इलाज के दौरान आहत सवली की मृत्यु हो जाने से धारा 304बी, भादवि का इजाफा किया गया। आपको बता दे कि घटना के संबंध में उक्त अपराध में पुलिस द्वारा मामले की पड़ताल की गई तो पुलिस द्वारा
498ए,307,304बी,34 के तहत न्यायालय के समक्ष चालान प्रस्तुत किया गया। विचारण के दौरान मृतिका के मरणासन्ना कथन मुख्य रहे जिसमें मृतिका द्वारा बताया गया था कि मुझे दिनांक 22.12.2010 को ननदों ने आग लगाई है और सास ससुर में मुझे पकड़ा था। घर में ही मेरा शौहर कलीम ख़ान था उसने भी आग लगाई है। उक्त प्रकरण में ससुर नन्नो खान और पति कलीम खां को पूर्व में ही आजीवन कारावास से दण्डित किया जा चुका है। पुलिस बाकी आरोपियों की तलाश कर रही है

लगभग एक दशक में भी ननंद व अन्य आरोपी नहीं हो सके गिरफ्तार

घटना घटित होने के बाद। पीड़िता को जलाने के सहयोग करने वाले शेष आरोपी अभी फरार हैं।  दिनांक 30.06.2021 को तनवीर अहमद खान अपर सत्र न्यायाधीश, विशेष न्यायालय द्वारा सत्र प्रकरण क्रमांक 700, 2011 में गुण-दोषों के आधार पर आरोपित सलमा बी उर्फ संतोष रानी को धारा 147, 302 सहपाठित धारा 149, 498 में दोषी पाया गया। कोर्ट ने आरोपित सलमा बी उर्फ संतोषरानी को आजीवन कारावास एवं 1500 के अर्थदंड से दंडित किया गया।मारने वाली सास को अपर सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायालय तनवीर अहमद खान के न्यायालय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने आरोपित पर जुर्माना भी लगाया है।

Related Posts

Follow Us