आजमगढ़(उत्तर प्रदेश):- एक तरफ राज्य सरकार भ्रष्टाचार को लेकर जीरो टॉलरेंस की बात करती है लेकिन सरकारी विभागों के कर्मचारी, अधिकारी शासन के निर्देशों की धज्जियां उड़ा रहे हैं। लाख कोशिशों के बाद भी भ्रष्टाचार खत्म होने का नाम नहीं ले रहा है। इसी क्रम में आजमगढ़ में आज एंटी करप्शन ब्यूरो की गोरखपुर इकाई की टीम ने सीएमओ ऑफिस में तैनात एक बाबू को ₹5000 घूस लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।



आरोपी बाबू आरके सिंह को टीम के सदस्य आजमगढ़ शहर कोतवाली ले आए। जहां पर लिखा पढ़ी की कार्यवाही की जा रही थी। बताया जा रहा है कि आजमगढ़ के तरवा क्षेत्र के निवासी मनोज कुमार श्रीवास्तव अपने क्षेत्र में ही नर्सिंग होम चलाते है और रिन्यूअल के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के चक्कर में स्वास्थ्य विभाग में दौड़ भाग कर रहे थे। ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन हो गया था लेकिन पंजीकृत प्रमाणपत्र देने के नाम पर संबंधित पटल के बाबू की तरफ से लगातार उनसे परमिशन के लिए कैश की डिमांड की जा रही थी। पीड़ित मनोज श्रीवास्तव ने सामाजिक संगठन प्रयास से संपर्क किया। गोरखपुर विजिलेंस ऑफिस पर अपनी पीड़ा को रखा। इसके बाद टीम ने जाल बिछाकर औपचारिक कार्रवाई के लिए पी डब्लूडी के दो गवाहों को लेकर कर आज दिन में बाबू सीएमओ कार्यालय से दिन में शिकंजे में लिया।