कानपुर : उत्तर प्रदेश पुलिस एक तरफ महिलाओं की सुरक्षा के दावे करती है। लेकिन उत्तर प्रदेश के कानपुर नगर में एक महिला द्वारा प्रशासन पर इतने गंभीर आरोप लगाए गए जिसे सुनकर आप सभी हैरान रह जाएंगे। मामला कानपुर नगर के फीलखाना थाना क्षेत्र का है जहां पर प्रशासन और आसपास के लोगों से परेशान एक महिला थक हार चुकी है। महिला का कहना है कि उसने सीएम पोर्टल से लेकर सभी जगह मदद की गुहार लगा ली लेकिन उसे भरोसे के अलावा और कुछ नहीं मिला। मामला फीलखाना थाना क्षेत्र के भगवत दास घाट का है। जहां पर फीलखाना थाना इंचार्ज के कार्यशैली पर सवाल उठे हैं।

आखिर क्या यही है कानपुर की मित्र पुलिस जो इस तरह देती है महिलाओं को सुरक्षा


एक तरफ पुलिस महिला सुरक्षा के नाम पर बड़े-बड़े कार्यक्रम करती है तो वहीं दूसरी तरफ महिलाओं के साथ अभद्रता का वीडियो वायरल होता है। फिलहाल वीडियो की पुष्टि तो हम यह हमारा चैनल नहीं करते लेकिन पीड़ित ने जब फोन पर अपनी आपबीती बताई तो उसे सुनकर दिल झकझोर गया। न्यूज़ क्रांति टीम से जब प्रियंका द्विवेदी ने अपने समस्या साझा करते हुए बताया कि उनके साथ आए दिन बदतमीजी होती है और जिसकी शिकायत वह पुलिस से करती है। लेकिन वहां से उनको कोई मदद नहीं मिलती। आपको बता दें प्रियंका द्विवेदी के परिवारी जन कानपुर के भगवत दास घाट का संचालन करते हैं। जिसको लेकर लेकर प्रियंका काफी दिनों से परेशान है। उन्होंने हर तरफ मदद की गुहार लगाई लेकिन उनको कहीं भी मदद नहीं मिली। आज कुछ लोगों ने प्रियंका और उनके परिवारी जनों के साथ अभद्रता की पीड़ित ने जानकारी देते हुए बताया कि जिसकी शिकायत उन्होंने डायल 112 पर की लेकिन काफी इंतजार के बाद जब डायल 112 और फीलखाना थाना इंचार्ज मौके पर पहुंचे तो लौट कर पीड़ित को ही धमकाने लगे। पीड़ित ने फीलखाना थाना इंचार्ज पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पीड़ित ने कहा फीलखाना थाना इंचार्ज ने उनसे अभद्रता की और उनको ही उल्टा कानून का पाठ पढ़ाने लगे।