बर्रा हत्याकांड का खुलासा, किरायेदार भाइयों ने की निर्मम हत्या

by saurabh

कानपुर। बर्रा में संजीत अपहरण हत्याकांड के बाद एक बार फिर से पुलिस के हाथ खाली रह गए और एक और संदिग्ध परिस्थितियों में गायब हुए व्यक्ति की बदमाशों ने निर्मम हत्या कर दी। वही पीड़ित परिवार की तहरीर में नामजद शातिर बदमाशों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। जिन्होंने अपना गुनाह भी काबुल कर लिया है। इस मामले में सबसे बड़ी बात ये रही कि पुलिस ने आरोपियों कस्टडी में रखने के बाद बावजूद भी घटना का सच बाहर लाने में 5 दिन तक नाकामयाब साबित रही।

आपको बताते चलें कि पूरा मामला बर्रा थाना क्षेत्र के बर्रा सात इलाके का है। जहां पर रहने वाले सुनील कुमार सिंह जिनके परिवार में पत्नी और एक बेटा और बेटी है।सुनील अपने घर पर ही रह कर अपने परिवार का जीवन यापन कर रहे थे। बीती 5 सितंबर को वह अपने घर से कुछ ही दूरी पर अपने दूसरे मकान में किराएदार सोनू से मकान खाली कराने के लिए मुलाकात करने पहुंचे थे। जिसके बाद से ही वह अचानक संदिग्ध परिस्थितियों में गायब हो गए और देर रात हो जाने के बाद भी घर नहीं लौटे। जिसके बाद परिवार ने गुमशुदगी की तहरीर बर्रा पुलिस को दी। वही तहरीर में पीड़ित परिवार ने सोनू नाम के लड़के पर पिता के अपहरण करने की बात का जिक्र भी किया था। जिसके बाद पुलिस ने सोनू उर्फ रोहित को हिरासत में तो लिया मगर 5 दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस शातिर से सच सामने नहीं ला पाई।

वही पुलिस को आज यह जानकारी हुई कि बिधनू थाना क्षेत्र में 6 सितंबर को ओरछी गांव में एक अज्ञात शव मिला था, जिसे मोर्चरी में रखा गया था।जिसके बाद पुलिस ने पीड़ित परिवार को ले जाकर शव की शिनाख्त कराई। मगर पानी में कई दिन तक शव के पड़े होने के चलते शव क्षत-विक्षत हो चुका था। वही जिसके बाद पुलिस ने हिरासत में लिए गए सोनू और उसके भाई मोनू से कड़ाई से पूछताछ की तो पूरे मामले का भंडाफोड़ हो गया।

वहीं इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए सीओ गोविंद नगर वी के पाण्डेय ने बताया कि सोनू और मोनू ने मिलकर सुनील की उसी वक्त हत्या कर दी थी। जब वह उनके घर मकान खाली करने के लिए बोलने गए थे। जिसके बाद दोनों शव को बोरे में भरकर स्कूटी से बिधनू ओरछी गांव पहुंचे और शव को पानी के गड्ढे में फेक दिया था। तो साथ ही साथ सुनील के मोबाइल फोन को पुलिस को गुमराह करने के लिए नौबस्ता से घाटमपुर चलने वाली एक गाड़ी में रख दिया था। ताकि पुलिस को पूरी तरीके से गुमराह किया जा सके।

वहीं पुलिस ने बताया कि पूरे मामले में दोनों ही आरोपियों की गिरफ्तारी कर ली गई है। पकड़े गए दोनों सगे भाई भी हैं जिन्हें अब जेल भेजा जा रहा है।

उधर मृतक के परिजनों ने पुलिस के खुलासे पर ही सवालिया निशान खड़े कर दिए है। मृतक की बेटी अदिति का कहना है कि जो पुलिस ने शव दिखाया था वो उनके पिता का नही है। ऐसे में अब एक बार फिर से पुलिस की संजीत अपहरण हत्याकांड की ही तर्ज पर लीपापोती नजर आ रही है।

दीपक मिश्रा

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