● प्रदेश सरकार को आवश्यक कार्रवाई का राज्यपाल ने दिया निर्देश
● बिल्हौर घाटमपुर के न्यायिक क्षेत्राधिकार की नगर वापसी का मामला

कानपुर: बिल्हौर-घाटमपुर न्यायिक क्षेत्राधिकार वापस लाओ संघर्ष समिति की बैठक में संयोजक पं रवीन्द्र शर्मा ने बताया कि लगातार 6 वर्षों तक चले हमारे संघर्ष को जनहित में पाते हुए प्रदेश सरकार की अनुशंसा पर राज्यपाल द्वारा कानपुर नगर की तहसीलों बिल्हौर एवं घाटमपुर के न्यायिक क्षेत्राधिकार को वापस कानपुर नगर में जोड़े जाने का गजट 14 जून 2019 को जारी किया गया था।

जारी गजट के शीघ्र क्रियान्वन के लिए संघर्ष समिति निरंतर प्रयासरत थी। प्रयास के क्रम में संघर्ष समिति द्वारा राज्यपाल को दिए गए प्रतिवेदन पर संज्ञान लेते हुए महामहिम के निर्देश पर उनके विशेष सचिव बद्रीनाथ सिंह ने प्रदेश सरकार के अपर मुख्य सचिव न्याय विभाग उत्तर प्रदेश को पत्र (पत्रांक संख्या पी 1181/ जीएस दिनांकित 18 मार्च 2021 ) भेजा है कि रवीन्द शर्मा के स्वत:स्पष्ट पत्र 12- 02- 2021 पर आवश्यक कार्रवाई करें। प्रदेश सरकार को भेजे गए पत्र की एक प्रति हमें भी भेजी गई है। उन्होंने कहा कि हमारा विश्वास है कि राज्यपाल द्वारा संज्ञान लेकर प्रदेश सरकार को कार्यवाही हेतु निर्देशित किए जाने से बिल्हौर एवं घाटमपुर के न्यायिक क्षेत्राधिकार को वापस नगर में जोड़े जाने के गजट का शीघ्र क्रियान्वन होगा और दोनों तहसीलों की जनता को सुलभ न्याय का रास्ता प्रशस्त होगा।

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बैठक में वरिष्ठ अधिवक्ता राम आश्रय त्रिपाठी,अविनाश बाजपेई पूर्व अध्यक्ष लायर्स एसोसियेशन, बी एल गुप्ता अध्यक्ष इनकम टैक्स बार एसोसिएशन, मो कादिर खां, पी के चतुर्वेदी, मो तौहीद, विजय सागर, शबनम आदिल, अनिल बाबू चौधरी, वेद उत्तम, अनूप सचान, दिनेश समुद्रे, अंकुर गोयल, संजीव कपूर, अनूप शुक्ला, सुशील, शील गौतम, रजनीश भट्ट, मोहित शुक्ला, के के यादव आदि मौजूद रहे।