गृह मंत्रालय ने बंगाल चुनाव के लिए 71 अतिरिक्त सीएपीएफ कंपनियां की तैनात

नई दिल्ली- पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव में निरंतर हिंसा के मद्देनजर गृह मंत्रालय ने राज्य में शांति पूर्ण ढंग से चुनाव कराने के लिए तत्काल प्रभाव से केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल (सीएपीएफ) की अतिरिक्त 71 कंपनियों की तैनाती का निर्णय लिया है।

गृह मंत्रालय ने शनिवार को यह फैसला लिया। गृह मंत्रालय ने राज्य में हिंसा की हालिया घटनाओं को ध्यान में रखते हुए भारतीय निर्वाचन आयोग (ईसीआई) के अनुरोध के बाद यह कदम उठाया है।

केन्द्र ने राज्य में स्वतंत्र और शांतिपूर्ण चुनाव कराने के लिए पहले ही सीएपपीएफ की 1,000 कंपनियों को तैनात किया है, जिन्हें केंद्रीय अर्द्धसैनिक बलों के रूप में जाना जाता है।

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कल बंगाल के मुख्य सचिव, गृह सचिव और पुलिस महानिदेशक ने इस बाबत गृह मंत्रालय को फैक्स भेजा था। जिसमें चुनाव आयोग ने केन्द्र से बंगाल विधानसभा चुनाव-2021 के लिए सीएपीएफ / राज्य सशस्त्र पुलिस (एसएपी) / इंडिया रिजर्व बलाटियन की अतिरिक्त 71 कंपनियों को तैनात करने का अनुरोध किया है। चुनाव आयोग पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव 2021 के लिए शनिवार को सिफारिशों के अनुपालन में सीएपीएफ के अतिरिक्त 71 कंपनियों को तैनात करने का निर्णय लिया गया है।

मंत्रालय के पत्र के अनुसार, 71 अतिरिक्त बटालियनों में केंद्रीय रिजर्व पुलिस (सीआरपीएफ) की 12 कंपनियों, सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) की 33 कंपनियों, भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की 13 कंपनियों, चार कंपनियां शामिल होंगी। केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) और सशस्त्र सीमा बल (एसएसबी) की नौ कंपनियां शामिल होंगी।

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सीएपीएफ की 71 कंपनियों की तैनाती के साथ बंगाल में चुनाव के लिए कुल 1,071 कंपनियां सीएपीएफ, एसएपी और आईआर बटालियन उपलब्ध होंगी।

इन्पुट- यूनीवार्ता