उरई(जालौन)। शासन द्वारा सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाने के लिये जरूरी इंतजाम किये गये हैं। अब सरकारी चिकित्सालयों में पहले से बहुत ज्यादा सुरक्षित एवं उत्तम स्वास्थ्य सेवायें उपलब्ध हैं। इसलिये इनका लाभ अवश्य उठायें। यह बात जिला महिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डा.ए.के.त्रिपाठी ने कदौरा ब्लाक के ग्राम इमिलिया बुर्जुग में पुरानी समाजसेवाी संस्था नि:शुल्क चिकित्सा मंदिर द्वारा गांव में ही स्थित प्रांचीन मंदिर विराजमान श्री ठाकुर जी राधाकृष्ण जी महाराज कक्ष प्रांगण में आयोजित स्वास्थ्य शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुये कही।

उन्होने कहा कि प्राय: सरकारी चिकित्सालयों के प्रति लोगों के मन में भ्रम रहता है पर अब ऐसा नही है। अब स्थिती बदली हुयी है। अस्पताल बदले हुये हैं वहां पर साफ सफाई का विशेष ध्यान दिया जा रहा है। उन्होने जिला महिला चिकित्सालय की व्यवस्थाओं की नजीर देते हुये कहा कि वहां पर महिलाओं एवं बच्चों के उपचार के बेहतर कदम उठाये जा रहे हैं। संस्था नि:शुल्क चिकित्सा मंदिर द्वारा लगाये गये स्वास्थ्य शिविर की प्रशंसा करते हुये उन्होने संस्था के व्यवस्था डा. पुरूषोत्तम द्विवेदी का साधुवाद करते हुये कि चिकित्सा सेवा के लिये अनवरत रूप से काम कर रही यह संस्था इस क्षेत्र के लिये बेहद ही उपयोगी है। उन्होने स्वास्थ्य शिविर में उपस्थित हुये सभी चिकित्सकों को धन्यवाद देते हुये कहा कि यह कार्य मानव सेवा का पयार्य है इससे बढ़कर कोई पुनीत कार्य नही हो सकता। कार्यक्रम के दौरान विशिष्ठ अतिथि के रूप में उपस्थि हुये उ.प्र. सरकार से मान्यता प्राप्त पत्रकार /सम्पादक सुधीर त्रिपाठी ने कहा कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य शिविरों की महती आवश्यकता रहती है। लोग उपचार हेतु समयएवं संसाधनों के अभाव में शहरों में नही जा पाते। ऐसे में यदि समय समय यह शिविर आसपास के गांवोें में लगते रहें तो लोगों को सहायाक साबित होंगे। शिविर को आयोजित करने वाली संस्था निशुल्क चिकित्सा मंदिर के इस प्रकार के आयोजन की उन्मुक्तकंठ से सराहना करते हुये उन्होने कहा कि ऐसे आयोजन ओरों के लिये प्रेरणा के सबब बनेंगे। इससे पहले अतिथियों एवं आयोजक मंडल द्वारा दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। बाद में संस्था के पदाधिकारी एसके द्विवेदी एवं अंकित द्विवेदी ने सभी अतिथियों का बैज लगागर स्वागत किया गया। संस्था के व्यवस्थापक डा. पीडी द्विवेदी ने संस्था की विस्तार से जानकारी दी। उन्होने बताया कि जहां पर यह शिविर आयोजित हो रहा है यह मंदिर गोस्वामी तुलसीदास जी के समय का प्राचीन सिद्ध मंदिर है। मंदिर में विराजमान श्री ठाकुर जी राधाकृष्ण जी महाराज कक्ष में भारतरत्न पं गोविन्द बल्लभ पंत की प्रेरणा पर तत्कालीन श्री श्री 1008 श्री महंत मनीराम दास जी रसायानाचार्य के कर कमलों में सन 1915 मेें संस्था नि:शुल्क चिकित्सा मंदिर स्थापित की गयी जो अब तक अनवरत चिकित्सा सेवा में अग्रणी रहकर समय समय पर तमाम जलकल्याण के कार्यो में लगी हुयी है। दिन भर चले शिविर में तीन सैकड़ा के करीब लोगों ने अपने स्वास्थ्य सम्बधी की जांच करायी तथा जरूरी उपचार लिया। संस्था के दो दिवसीय शिविर कार्यक्रम के दूसरे चरण में गरीबों एंव असहायों को शीत लहर से बचाने कंबलों का वितरण किया गया। शिविर के दौरान उपस्थित रहे आयुर्वेद चिकित्सकों में डा. प्रखर चौबे,डा. पूर्णिमा चर्टजी, डा. प्रवीण कुमार, फार्मासिस्ट दशरथ, जयपाल सहित सहायक सोनू, जगभान एवं गनेश प्रसाद के साथ होम्योपैथिक में डा. विकास नगाइच, फार्मासिस्ट शशिकांत, एवं सहायक मनीश कुमार आदि उपस्थित रहे। संस्था द्वारा सभी अतिथियों को स्मृति चिंह तथा चिकित्सा कर्मियों को प्रशस्ती पत्र सहित स्मृति चिंह भेंट किये गये। इस दौरान रहे प्रमुख लोगों में गोपी कुटीर इंडस्ट्रीज के प्रवंध निदेशक दिलीप सोनी, ब्रजेश कुमार, गुप्ता जी, सतीश सिरौठिया, पुरूषोत्मम मिश्रा, दीपू गुप्ता,सदांनदं बीडीसी अनिल आदि उपस्थित रहे।

रिपोर्ट :: मनोज कुमार शिवहरे