आजमगढ़। जिले में आवास आवंटन के बाद भी मुसहर जाति के लोगों को आवास नहीं मिला। इसको लेकर मुसहर समाज कई बार आला अधिकारियों क चक्कर काट चुका है। बावजूद इसके उन्हें आवास नहीं मिला। थक हारकर आज फिरमुसहर समाज के लोग जिलाधिकारी कार्यालय पहुचे और जिलाधिकारी से मिलकर आवास की मांग की। साथ ही चेतावनी दी कि अगर उनको आवास नहीं मिलता है तो वह आमरण अनशन करेंगे।

मामला आजमगढ़ जिले के मेंहनगर थाना क्षेत्र के ग्राम दामा का है। जहां के रहने वाले 19 मुसहरों को मिशन बिरसा के तहत आवास आवंटित उपजिलाधिकारी मेंहनगर द्वारा 15 नवम्बर 2019 को किया गया था और इन्हें प्रमाण पत्र प्राधिकार पत्र भी वितरित किया गया था। मुसहरों का आरोप है कि गांव के कुछ दबंग व्यक्तियों के द्वारा 41 व 45 नवीन परती में लेखपाल द्वारा आबादी दिखा अंश मिटाकर तहसील प्रशासन को अंधेरे में रखकर कृषि पट्टा स्वीकृत करा लिया। इस मामले में पूर्व प्रधान रामजनम सिंह ने जिलाधिकारी न्यायालय में वाद सं0 580 दाखिल किया और जिलाधिकारी ने अपने आदेश द्वारा पट्टा निरस्त कर गांवसभा के खाते अंकित करने का आदेश भी पारित किया।

जिसके बाद उपजिलाधिकारी ने 10 दिन में कब्जा दिलवाने का आश्वासन भी दिया था लेकिन आज तक मुसहर समाज के लोगों को कब्जा नहीं मिला। जिसके चलते वे बाहर खुले में परिवार के साथ रहने को मजबूर हैं। जिलाधिकारी से मिलने आये मुसहरों का कहना है कि अगर उन्हें आवास नहीं मिलता है तो वह अपने परिवार के साथ आमरण अनशन करने के लिए बाध्य होेंगे और अगर हमारे लोग मरते भी हैं तो उसके लिए भी हम लोग तैयार हैं। ज्ञापन देने वालों में बलदेव बनवासी, तेजू, विजई, रामकिशुन, गुल्लू, मिट्ठू, लक्ष्मण आदि लोग शामिल रहें।

रिपोर्ट :- शैलेन्द्र शर्मा