सुपौल : अगस्त का महीना सुपौल पुलिस के लिए चुनौती भरा गुजरा था। जहाँ अपराधियों ने त्रिवेणीगंज औऱ पिपरा पुलिस को चुनौती देते हुए दो चर्चित घटना को अंजाम देते हुए उनकी मुश्किलों को बढ़ा दिया था।अब सभी अपराधियों की गिरफ्तारी होने के बाद पुलिस ने राहत की सांस लिए हैं दरसअल त्रिवेणीगंज थाना क्षेत्र के मुख्य बाज़ार के गर्ल्स हाई स्कूल रोड स्थित साह सीमेंट सेंटर के मालिक कृष्णा अग्रवाल के दुकान पर बीते 14 अगस्त की संध्या पौने पाँच बजे तीन अज्ञात अपराधी पहुँच कर फायरिंग करते हुए भयभीत कर दुकान के काउंटर में रखे एक लाख रुपये लूट लिए थे।सुपौल पुलिस अधीक्षक द्वारा थानाध्यक्ष संदीप कुमार सिंह की अगुवाई में गठित पुलिस टीम को इस लूटकांड से संबंधित एक अहम सुराग सीसीटीवी फुटेज़ हाथ लग गया था।जिसके बाद पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज़ औऱ वैज्ञानिक अनुसंधान के आधार पर अपराधियों की शिनाख्त कर उसकी गिरफ्तारी के लिए उनपर दबिश बनाने लगे थे।इसी बीच यही अपराधकर्मियों ने अपने एक अन्य साथी को साथ कर पिपरा थाना क्षेत्र के श्यामनगर अमहा वार्ड नम्बर 8 स्थित विनोद चौधरी के किराना दुकान पर दो मोटरसाइकिल पर सवार चार अज्ञात अपराधकर्मी 19 अगस्त को संध्या तकरीबन पौने आठ बजे लूट की नियत से पहुंचे।व्यवसायी विनोद चौधरी ने जब लूट का विरोध किया तो अपराधियों ने उसकी गोली मारकर हत्या कर दिये और फ़रार हो गए थे।

त्रिवेणीगंज औऱ पिपरा पुलिस के लिए यह घटना काफ़ी सिरदर्द बन गया था।पुलिस ने अपराधियों की पहचान कर उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार उनके उपर दबिश बनाने लगे।पुलिस की बढ़ती दबिश को देखते हुए मुख्य आरोपी मधेपुरा जिले के शंकरपुर थाना क्षेत्र के मौराखाप निवासी नीतीश कुमार ने खुद को मधेपुरा न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया था और दूसरा मुख्य आरोपी अपराधी राजेश्वरी ओपी थाना क्षेत्र के तमुआ निवासी पप्पू यादव ने भी सुपौल न्यायालय में आत्म समर्पण कर दिया था।

वहीं इस कांड के एक आरोपी अपराधी त्रिवेणीगंज थाना क्षेत्र के डपरखा निवासी भानू कुमार को त्रिवेणीगंज पुलिस ने गिरफ्तार कर पूर्व में ही न्यायिक हिरासत में जेल भेज चुके हैं जबकि फरार चल रहे इस दोनों कांडों के अंतिम आरोपी मधेपुरा जिले के भर्राही ओपी थाना क्षेत्र के पड़रिया निवासी सोनू कुमार को बीते मंगलवार को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।इस प्रकार त्रिवेणीगंज पुलिस ने चर्चित दो घटना का खुलासा करते हुए सभी अपराधियों को सलाखों के पीछे भेजने में कामयाब तो हुए ही साथ ही गिरफ्तार अपराधी ने पिपरा थाना क्षेत्र के पिपरा अस्पताल के पास 9 अगस्त की रात्रि में एक इलेट्रॉनिक्स दुकानदार से हुए लूट की घटना को अंजाम दिया था जिसका भी पुलिस अनुसंधान के अनुसार उक्त अपराधकर्मियों की गिरफ्तारी के बाद खुलासा हो गया है।इस प्रकार पुलिस ने तीन घटनाक्रमों के अनुसंधान पर पूर्ण विराम लगाते तीनों मामलों का अनुसंधान तकरीबन समाप्त करने में सफलता प्राप्त किया है।

रिपोर्ट:–संतोष कुमार,सुपौल