बांदा :- उत्तर प्रदेश के बांदा जनपद में उस वक्त हड़कंप मच गया जब बांदा के मरका थाना क्षेत्र के ग्राम मऊ के मजरा दुबेन का पुरवा में देर रात्रि आग लग गई। आग ने इतनी जल्दी विकराल रूप धारण कर लिया की घर के अंदर सो रही महिला व उसके तीन बच्चोंको बाहर निकलने का समय ही नहीं मिला जिससे उनकी जलकर दर्दनाक मौत हो गई।

घटना की जानकारी मिलते ही फायर ब्रिगेड सहित थानाध्यक्ष मरका रामाश्रय सरोज ने मौके पर पहुंच कर आग बुझाने में ग्रामीणों की मदद की, जैसे ही इस हृदय विदारक घटना की सूचना पुलिस के आला अफसरों को मिली तो उन्होंने आनन-फानन में गांव का रुख कर लिया और घटनास्थल पर पहुंचे। आपको बता दें कि आग लगने से संगीता देवी (30) पत्नी कल्लू यादव अपने तीन बच्चों बेटी अंजली देवी (8), पुत्र आशीष (6) और बेटी बिट्टी उर्फ असनी (2) के साथ आग में बुरी तरह से जल गयी जिससे उनकी मौत हो गई।

आपको बता दें कि मृत महिला का पति जयपुर में मजदूरी करता है। रात में किसी समय अज्ञात कारणों से कमरे में आग लग गई जिसने पूरे मकान को आग की चपेट में ले लिया। घर में रखे भूसे और लकड़ी आग को और विकराल रूप दे दिया।तड़के सुबह जब पड़ोसी घर के बाहर निकले तो उन्होंने देखा कि संगीता का घर तेजी से आग की लपटों से घिरा है। जिसके बाद ग्रामीणों ने आग बुझाने का कार्य किया और साथ-साथ पुलिस व फायर ब्रिगेड को सूचना भी दी।कुछ ही देर बाद सुबह फायर ब्रिगेड भी आ गई और किसी तरह आग पर काबू पाया। सुबह करीब नौ बजे पुलिस और ग्रामीणों ने जेसीबी से मलबा हटाकर चारों शवों को बाहर निकाला।शव पूरी तरह जल चुके थे। इंस्पेक्टर रामाश्रय सरोज ने शवों को कपड़े में बंदकर पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। घटना की जानकारी जैसे ही राजनीतिक दल के लोगों व पुलिस प्रशासन के आला अधिकारियों को लगी तो सब गांव पहुंचे और घटना पर शोक व्यक्त किया।अपर पुलिस अधीक्षक महेंद्र प्रताप चौहान ने बताया कि फिलहाल आग लगने की वजह स्पष्ट नहीं हो पाई है। इसकी जांच की जा रही है। मृतक संगीता भी मजदूरी करती थी। चार बीघा जमीन भी बताई गई है।

रिपोर्ट :- शिवम सिंह