दन्तेवाड़ा नक्सलियों की खोखली विचारधारा से तंग आकर और छत्तीसगढ़ शासन के पुनर्वास योजना से प्रभावित होकर समाज की मदद से विकास में सहयोग करने की इच्छा व्यक्त करते हुए आत्मसमर्पण करने वाली नक्सलियों में सीएनएम कमांडर मुडे मुचाकी पर एक लाख रुपए का इनाम था, तो दूसरी सीएनएम सदस्य सुनीता थी. दोनों ने दंतेवाड़ा एसपी अभिषेक पल्लव व सीआरपीएफ अधिकारी डब्ल्यूआर जोसुआ के सामने समर्पण किया.
विगत चार माह में ‘लोन वर्राटू अभियान के तहत 28 ईनामी माओवादी सहित कुल 110 माओवादियों ने आत्मसमर्पण कर मुख्य धारा से जुड़ चुके हैं. आत्मसमर्पण के दौरान सीआरपीएफ 230 वाहिनी द्वितीय कमाण्ड अधिकारी चंद्रशेखर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दंतेवाड़ा राजेद्र जायसवाल, पुलिस अनुविभागीय अधिकारी किरंदुल देवांश सिंह राठौर, थाना प्रभारी भांसी खोमन भंडारी और अन्य अधिकारी व कर्मचारी मौजूद रहे.

दरअसल ‘लोन वर्राटू घर वापस आया अभियान से प्रभावित होकर होकर एक ईनामी सहित दो महिला माओवादियों ने नरेला सीआरपीएफ कैम्प में दन्तेवाड़ा पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया. दोनों महिला नक्सली भैरमगढ़ एरिया कमेटी में सक्रिय थीं.

रिपोर्ट – प्रकाश झा