सुबह-सुबह फूटा जनता का गुस्सा: नल खोलते ही आई सीवर जैसी दुर्गंध - NewsKranti

सुबह-सुबह फूटा जनता का गुस्सा: नल खोलते ही आई सीवर जैसी दुर्गंध

कानपुर के किदवई नगर में शनिवार सुबह गंगा बैराज से होने वाली जलापूर्ति में भारी गंदगी और दुर्गंध मिलने से हड़कंप मच गया। करीब 25 मिनट तक दूषित पानी की सप्लाई होती रही, जिससे हजारों घरों की रसोई और दैनिक कार्य प्रभावित हुए।

admin
By
admin
3 Min Read
ख़बर एक नज़र में :
  • प्रभावित इलाका: किदवई नगर (K-Block, Y-Block और आसपास)।
  • समस्या: 25 मिनट तक काला, बदबूदार और झागयुक्त पानी की सप्लाई।
  • कारण: खुदाई के दौरान पाइपलाइन फटना और सीवर का पानी मिलना।
  • नुकसान: घरों की पानी की टंकियां गंदी हुईं, पीने के पानी का संकट गहराया।
  • मांग: जलकल विभाग द्वारा पानी की शुद्धता की जांच और डैमेज पाइपलाइन की तत्काल मरम्मत।

कानपुर। स्मार्ट सिटी के दावों के बीच कानपुर का पॉश इलाका किदवई नगर शनिवार सुबह एक बड़ी मुसीबत की चपेट में आ गया। जैसे ही जलकल विभाग की ओर से गंगा बैराज लाइन की सप्लाई शुरू हुई, नलों से स्वच्छ जल के बजाय काला और बदबूदार पानी निकलने लगा। स्थानीय निवासियों के अनुसार, पानी में सीवर जैसी तीखी दुर्गंध थी और उसमें कचरा व झाग भी साफ दिखाई दे रहा था।

देखते ही देखते यह खबर पूरे इलाके में फैल गई। करीब 20 से 25 मिनट तक इसी तरह दूषित पानी आता रहा। लोगों ने एहतियातन मोटर बंद कर दिए और पहले से भरी बाल्टियों व टंकियों को खाली करना पड़ा। सुबह-सुबह रसोई और बच्चों के स्कूल जाने के समय हुई इस अफरा-तफरी से लोग सड़कों पर उतर आए और विभाग के खिलाफ नाराजगी जाहिर की।

खुदाई बनी मुसीबत: पाइपलाइन में लीकेज की आशंका

क्षेत्रीय लोगों का आरोप है कि इलाके में पिछले कई दिनों से सीवर और नई पाइपलाइन बिछाने के लिए खुदाई का कार्य चल रहा है।

- Advertisement -
  • लापरवाही: आशंका जताई जा रही है कि भारी मशीनों से खुदाई के दौरान जलापूर्ति वाली मुख्य लाइन क्षतिग्रस्त हो गई।
  • सीवर मिक्सिंग: लाइन टूटने के कारण आसपास के गड्ढों में जमा सीवर का गंदा पानी सप्लाई लाइन के अंदर समा गया।
  • बीमारियों का डर: हाल ही में शहर के गोशाला क्षेत्र में दूषित पानी पीने से सात लोग बीमार हो चुके हैं, ऐसे में किदवई नगर के लोग भी डायरिया और हैजा जैसी महामारियों को लेकर सहमे हुए हैं।

जलकल विभाग का रुख: ‘जांच के बाद होगा समाधान’

मामला बढ़ता देख जलकल विभाग के अधिकारियों ने आनन-फानन में जांच के आदेश दिए हैं। विभाग के अवर अभियंता (JE) का कहना है कि:

“खुदाई के कार्य के दौरान लीकेज की शिकायत मिली है। टीम को प्रभावित स्पॉट पर भेज दिया गया है। पाइपलाइन की फ्लशिंग (सफाई) कराई जा रही है और जहाँ भी डैमेज होगा, उसे युद्धस्तर पर ठीक कराया जाएगा।”

हालांकि, स्थानीय पार्षद और निवासियों ने चेतावनी दी है कि यदि 24 घंटे के भीतर शुद्ध पेयजल की आपूर्ति बहाल नहीं हुई, तो वे जलकल मुख्यालय का घेराव करेंगे।

सावधान! दूषित पानी आने पर क्या करें?

  1. टंकी की सफाई: अगर गंदा पानी आपकी छत वाली टंकी में चढ़ गया है, तो उसे तुरंत खाली कर ब्लीचिंग पाउडर से साफ करें।
  2. उबालकर पिएं: पानी साफ दिखने पर भी उसे कम से कम 10-15 मिनट तक उबालकर ही प्रयोग करें।
  3. क्लोरिन टैबलेट: जलकल विभाग या नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र से क्लोरिन की गोलियां लेकर पानी में मिलाएं।
Share This Article