कानपुर। ऑटोनमस मुद्दे पर छात्रों के बवाल के बाद फिर एक रूमा स्थित केआईटी कॉलेज विवाद में आ गया है। संस्थान की एक छात्रा ने एक विभागाध्यक्ष पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है। छात्रा का आरोप है कि विभागाध्यक्ष निजी और आपत्तिजनक संदेश भेजते थे, व्यक्तिगत जीवन से जुड़े सवाल पूछते थे और फिर कार्यालय में अकेले बुलाते थे। छात्रा का दावा है कि ऐसी कई और छात्राएं भी हैं जिन्हें इसी तरह के संदेश भेजे गए। प्रथम वर्ष की छात्राओं को निशाना बनाया जाता था।
मामले को तूल पकड़ता देख निदेशक प्रो. ब्रजेश वार्ष्णेय ने बयान जारी कर कहा है कि छात्रा द्वारा लगाये गये आरोप गलत हैं। छात्रा की ओर से पहले कभी कोई शिकायत नहीं की गई है। विभागाध्यक्ष पर गंभीर आपत्तिजनक मैसेज भेजने का आरोप लगाने वाली छात्रा ने अभी तक कहीं भी शिकायत दर्ज नहीं करवाई है। वहीं कॉलेज की किसी अन्य छात्रा ने भी विभागाध्यक्ष पर ऐसे किसी मैसेज भेजने की पुष्टि नहीं की है।
