कानपुर ठंड और स्वास्थ्य संकट अपडेट: कानपुर में सर्दियों की गलन से दिल और मस्तिष्क दोनों प्रभावित हो रहे हैं। सोमवार को एलपीएस कार्डियोलॉजी इंस्टीट्यूट में 60 हार्ट अटैक के मरीज भर्ती हुए, जबकि हैलट इमरजेंसी में 15 ब्रेन स्ट्रोक के मरीज आए। इनमें से कई मरीज गंभीर हालत में अस्पताल लाए गए और कुछ की मौत हो गई।
प्रोफेसर राकेश कुमार वर्मा ने बताया कि ओपीडी में 1133 रोगियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। वहीं हैलट की मेडिसिन इमरजेंसी में 38 गंभीर रोगी भर्ती हुए, जिनमें 13 ब्रेन हेमरेज और 2 स्ट्रोक थे।
पुराने रोगियों की स्थिति गंभीर
डॉ. जेएस कुशवाहा ने बताया कि ब्लड प्रेशर और गुर्दे की समस्याओं वाले पुराने मरीजों की हालत सर्दी में बिगड़ रही है। कई रोगी नर्सिंग होम से गंभीर स्थिति में रेफर हुए।
लावारिस शवों की संख्या में वृद्धि
कानपुर में ठंड के मौसम में लावारिस शवों की संख्या बढ़कर 55 हो गई है। इनमें से 35 का अंतिम संस्कार किया जा चुका है। पोस्टमॉर्टम प्रभारी डॉ. नवनीत चौधरी ने बताया कि शहर के विभिन्न क्षेत्रों जैसे रेलवे स्टेशन, कोहना, हरबंश मोहाल, चमनगंज आदि में खुले आसमान के नीचे मृतक पाए गए।
समाज और प्रशासन की भूमिका
सामाजिक संगठनों ने कहा कि रैन बसेरों, अलाव और कंबल वितरण पर्याप्त नहीं हैं। ठंड से सुरक्षा और स्वास्थ्य के लिए तत्काल कदम उठाने की आवश्यकता है।
