कानपुर | उत्तर प्रदेश में होने वाले त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव की तैयारियों के बीच राज्य निर्वाचन आयोग ने बड़ा कदम उठाया है। मतदाता सूची को पूरी तरह त्रुटिरहित और निष्पक्ष बनाने के लिए आयोग ने अंतिम प्रकाशन की तिथि को 6 फरवरी से बढ़ाकर अब 28 मार्च कर दिया है। इस विस्तारित समय का उपयोग मुख्य रूप से प्रदेश में चिन्हित किए गए 5 लाख 17 हजार 503 संभावित डुप्लीकेट मतदाताओं के दोबारा भौतिक सत्यापन के लिए किया जाएगा।
BLO करेंगे घर-घर जाकर जांच
निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार, 20 फरवरी तक डुप्लीकेट मतदाताओं की पहचान और उनके सत्यापन की प्रक्रिया पूरी की जाएगी। इसके लिए बूथ लेवल अधिकारियों (BLO) को घर-घर जाकर अभिलेखीय जांच करने के निर्देश दिए गए हैं। यदि किसी मतदाता का नाम एक से अधिक स्थानों पर पाया जाता है, तो नियमों के तहत उसका नाम काटा जाएगा।
दावे और आपत्तियों के लिए नया शेड्यूल
अभी तक चले अभियान में लगभग 29 हजार दावे-आपत्तियों का निस्तारण किया जा चुका है। नए कार्यक्रम के अनुसार:
- 20 फरवरी तक: डुप्लीकेट मतदाताओं का सत्यापन।
- 21 फरवरी से 16 मार्च: मतदाता सूची में नए नाम जोड़ने और संशोधन की प्रक्रिया।
- 28 मार्च: अंतिम मतदाता सूची का भव्य प्रकाशन।
कानपुर जिले का ब्लॉकवार डेटा (संभावित डुप्लीकेट मतदाता)
| ब्लॉक | संभावित डुप्लीकेट मतदाता |
| घाटमपुर | 67,130 |
| बिधनू | 60,858 |
| बिल्हौर | 59,565 |
| भीतरगांव | 58,251 |
| सरसौल | 57,253 |
| चौबेपुर | 49,382 |
| कल्याणपुर | 48,516 |
| पतारा | 48,475 |
| शिवराजपुर | 45,931 |
| ककवन | 22,142 |
| कुल योग | 5,17,503 |
“मतदाता सूची को पारदर्शी बनाने के लिए दोबारा सत्यापन अभियान चलाया जा रहा है। हमारा लक्ष्य है कि कोई भी वास्तविक मतदाता छूटे नहीं और किसी भी फर्जी नाम को सूची में जगह न मिले।”
— संजय द्विवेदी, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी
