पंजाब नेशनल बैंक (PNB) ने शुक्रवार देर रात स्टॉक एक्सचेंजों को दी गई नियामक जानकारी में ₹2,434 करोड़ से अधिक के लोन फ्रॉड का खुलासा किया है। यह मामला SREI ग्रुप की दो कंपनियों—SREI इक्विपमेंट फाइनेंस लिमिटेड और SREI इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंस लिमिटेड से जुड़ा हुआ है।
बैंक के अनुसार, SREI इक्विपमेंट फाइनेंस लिमिटेड के खाते में ₹1,240.94 करोड़ और SREI इंफ्रास्ट्रक्चर फाइनेंस लिमिटेड के खाते में ₹1,193.06 करोड़ की धोखाधड़ी पाई गई है। हालांकि, PNB ने स्पष्ट किया है कि इन दोनों खातों में पूरी बकाया राशि के लिए पहले ही 100 प्रतिशत प्रावधान (Provisioning) किया जा चुका है।
बैंक ने यह भी बताया कि संबंधित कंपनियों का NCLT के तहत कॉर्पोरेट दिवालियापन समाधान प्रक्रिया में सफलतापूर्वक समाधान हो चुका है, जिससे बैंक की बैलेंस शीट पर तत्काल कोई नया दबाव नहीं पड़ेगा।
इस खुलासे से पहले ही शुक्रवार को PNB के शेयरों में हल्का दबाव देखने को मिला। BSE पर PNB का शेयर 0.50% गिरकर ₹120.35 पर बंद हुआ। हालांकि, लंबी अवधि में शेयर का प्रदर्शन मजबूत रहा है। बीते छह महीनों में इसमें करीब 13% और साल 2025 में अब तक 17% से अधिक की तेजी दर्ज की गई है।
तकनीकी संकेतकों की बात करें तो PNB का RSI 50.8 और कैश फ्लो इंडेक्स 55.4 है, जो यह संकेत देता है कि शेयर न तो ओवरबॉट है और न ही ओवरसोल्ड।
वित्तीय स्थिति की बात करें तो बैंक का प्रोविजन कवरेज रेशियो (PCR) दूसरी तिमाही में बढ़कर 96.91% हो गया है, जो एसेट क्वालिटी में मजबूती दर्शाता है। वित्त वर्ष 2026 की दूसरी तिमाही में बैंक का ऑपरेटिंग प्रॉफिट 5.5% बढ़कर ₹7,227 करोड़ रहा, जबकि पहली छमाही में यह ₹14,308 करोड़ तक पहुंच गया।
अब निवेशकों और बाजार की नजर सोमवार को PNB के शेयर पर टिकी रहेगी, जहां शुरुआती कारोबार में इस खबर का असर देखने को मिल सकता है।
