प्रयागराज (ब्यूरो):
संगम की रेती पर सजे माघ मेला क्षेत्र में पिछले 48 घंटों से आग का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। गुरुवार देर रात सेक्टर-5 स्थित एक शिविर में भीषण आग लग गई, जिसने देखते ही देखते पूरे टेंट को अपनी चपेट में ले लिया। इस दर्दनाक हादसे में मुजफ्फरनगर के जिलाधिकारी (DM) उमेश मिश्रा के भतीजे मानस मिश्रा (22 वर्ष) की जलकर मौत हो गई।
अखंड ज्योति बनी काल!
प्रारंभिक जांच और कैंप इंचार्ज योगेश मिश्रा के अनुसार, शिविर में अखंड ज्योति जल रही थी। माना जा रहा है कि ज्योति की चिंगारी से टेंट के कपड़े ने आग पकड़ी। उस वक्त मानस टेंट में सो रहा था और उसे बाहर निकलने का मौका नहीं मिला। जब तक आसपास के लोग और पुलिसकर्मी दरवाजा तोड़कर अंदर पहुंचे, मानस बुरी तरह झुलस चुका था। उसे तत्काल एसआरएन (SRN) अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
सुरक्षा व्यवस्था पर उठे गंभीर सवाल यह बीते दो दिनों में आग लगने की तीसरी घटना है:
- पहली घटना: मंगलवार शाम सेक्टर-5 के नारायण शुक्ला धाम में, जहां 15 टेंट और 20 दुकानें राख हो गईं।
- दूसरी घटना: बुधवार शाम सेक्टर-4 के ब्रह्माश्रम में, जहां आधा दर्जन टेंट जल गए।
- तीसरी घटना: गुरुवार रात, जिसमें एक युवक की जान चली गई।
लगातार हो रही इन घटनाओं ने मेला प्रशासन के फायर सेफ्टी दावों पर सवालिया निशान लगा दिए हैं। मकर संक्रांति के स्नान पर्व से ठीक पहले हुई इन घटनाओं से कल्पवासियों और श्रद्धालुओं में दहशत का माहौल है।
