वाराणसी। उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी वाराणसी के सारनाथ थाना क्षेत्र से एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक पेइंग गेस्ट हाउस (PG) की सीढ़ियों पर 20 वर्षीय नर्सिंग की छात्रा बेसुध और खून से लथपथ हालत में पाई गई। आनन-फानन में उसे नजदीकी निजी अस्पताल ले जाया गया, जहाँ इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मृतका के बॉयफ्रेंड को हिरासत में ले लिया है, जो उसी के कॉलेज में पढ़ता है।
बॉयफ्रेंड से मिलने पीजी पहुंची थी छात्रा
मिली जानकारी के अनुसार, मृतका सारनाथ क्षेत्र के अकथा इलाके में स्थित एक नर्सिंग कॉलेज की छात्रा थी। वह मूल रूप से पुलिस परिवार से ताल्लुक रखती थी; उसके पिता चंदौली के बलुआ थाने में सिपाही के पद पर तैनात हैं और वर्तमान में उनका परिवार सारनाथ थाने के आवासीय परिसर (क्वार्टर) में रहता था। बताया जा रहा है कि कॉलेज में गर्मी की छुट्टियां होने के कारण उसका बॉयफ्रेंड अपने घर जाने वाला था। उससे आखिरी बार मिलने के लिए छात्रा अपने घर से दो लंच बॉक्स तैयार करके पीजी पहुंची थी।
अत्यधिक ब्लीडिंग बनी मौत की वजह, गर्भपात की दवा की आशंका
घटनास्थल की परिस्थितियों को देखकर पुलिस और डॉक्टरों को अंदेशा है कि यह मामला गंभीर लापरवाही या गलत कदम से जुड़ा है। आशंका जताई जा रही है कि युवती गर्भवती (प्रेग्नेंट) थी और लोक-लाज या घबराहट में उसके बॉयफ्रेंड ने उसे गर्भनिरोधक या गर्भपात (Abortion) की दवा खिला दी थी। दवा के रिएक्शन या अत्यधिक ब्लीडिंग (रक्तस्राव) के कारण कमरे के अंदर ही युवती की हालत बिगड़ने लगी। जब स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई, तो उसे कमरे से बाहर सीढ़ियों पर छोड़ दिया गया, जहाँ वह बेसुध पाई गई।
पुलिस ने आरोपी बॉयफ्रेंड को लिया हिरासत में
घटना की सूचना मिलते ही सारनाथ थाने की पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने संदिग्ध परिस्थितियों को देखते हुए मृतका के बॉयफ्रेंड, जिसका नाम समीर बताया जा रहा है, को तुरंत हिरासत में ले लिया। पुलिस आरोपी युवक से कड़ाई से पूछताछ कर रही है ताकि यह साफ हो सके कि कमरे के भीतर असल में क्या हुआ था और तबीयत बिगड़ने के बाद उसने छात्रा को अस्पताल ले जाने में देरी क्यों की।
क्या कहती है पुलिस और डॉक्टरों की टीम?
इस पूरे मामले पर एसीपी सारनाथ विदूष सक्सेना ने बताया कि नर्सिंग की 20 वर्षीय छात्रा को मूर्छित और लहूलुहान अवस्था में अस्पताल लाया गया था, जहाँ डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। शुरुआती जांच में डॉक्टरों को शरीर पर किसी बाहरी गंभीर चोट के निशान नहीं मिले हैं। पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर डॉक्टरों के एक विशेष पैनल द्वारा पोस्टमार्टम कराया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम की विस्तृत रिपोर्ट आने के बाद ही मौत की सटीक वजह स्पष्ट हो पाएगी, जिसके आधार पर आगे की सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पीजी की सीढ़ियों पर लहूलुहान मिली नर्सिंग छात्रा, बॉयफ्रेंड के कमरे पर बिगड़ी थी तबीयत, मौत
